“सामाजिक न्याय का शासन क़ायम करेगी समाजवादी पार्टी”: मोहम्मद अरशद खान


राष्ट्रीय सचिव, समाजवादी पार्टी | पूर्व विधायक, जौनपुर सदर
📍 नई दिल्ली / लखनऊ / जौनपुर
देश आज एक ऐसे मोड़ पर खड़ा है जहां सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक असमानताएं अपने चरम पर हैं। ऐसे समय में समाजवादी विचारधारा ही वह रास्ता है जो देश को न्याय, समानता और भाईचारे की दिशा में आगे बढ़ा सकती है।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक जौनपुर सदर मोहम्मद अरशद खान ने कहा कि आज एक ऐतिहासिक सामाजिक न्याय आंदोलन की सख्त जरूरत है, जो पिछड़े वर्ग, दलित, आदिवासी, महिलाओं और अल्पसंख्यक समाज को उनका संवैधानिक अधिकार और सम्मान दिला सके।
उन्होंने कहा कि आज भी देश में बड़ी आबादी हाशिए पर खड़ी है। उन्हें न तो उनकी आबादी के अनुपात में हिस्सेदारी मिल रही है और न ही सम्मान। यह स्थिति लोकतंत्र की मूल भावना के खिलाफ है।
मोहम्मद अरशद खान ने जोर देकर कहा कि:
आरक्षण व्यवस्था को मजबूत करना और उसका सही क्रियान्वयन समय की मांग है।
शिक्षा, रोजगार और सत्ता में समान भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
समाज में फैली गैर-बराबरी और भेदभाव को जड़ से खत्म किया जाए।
महिलाओं और अल्पसंख्यकों को सुरक्षा, सम्मान और अवसर की गारंटी दी जाए।
उन्होंने आगे कहा कि समाजवादी पार्टी, Akhilesh Yadav के नेतृत्व में, एक ऐसा भारत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है जहां हर वर्ग को न्याय मिले, हर व्यक्ति को सम्मान मिले और हर नागरिक को बराबरी का हक़ मिले।
यह केवल एक राजनीतिक एजेंडा नहीं, बल्कि एक सामाजिक क्रांति का संकल्प है। समाजवादी पार्टी आने वाले समय में देश में सामाजिक न्याय का मजबूत विकल्प बनकर उभरेगी और एक ऐसी सरकार देगी जो गरीब, वंचित और शोषित वर्गों की सच्ची आवाज़ होगी।
“जब तक समाज के अंतिम व्यक्ति को न्याय नहीं मिलेगा, तब तक हमारा संघर्ष जारी रहेगा।”
— मोहम्मद अरशद खान
राष्ट्रीय सचिव, समाजवादी पार्टी
पूर्व विधायक, जौनपुर सदर








