लड़कियों की शिक्षा समाज के निर्माण की बुनियाद है: मौलाना निजामुद्दीन नदवी


कुल्लियातुल बनात परहेपाट में सफल छात्राओं के सम्मान समारोह, मैट्रिक में उत्कृष्ट सफलता पर छात्राओं को सम्मान पत्र प्रदान किया गया

रांची। कुल्लियातुल बनात परहेपाट में शैक्षणिक सत्र (2025-26) के बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट सफलता प्राप्त करने वाली छात्राओं के सम्मान में एक गरिमामयी और प्रेरणादायक समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मैट्रिक परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को सम्मान पत्र, मोमेंटो देकर उनकी हौसला अफजाई की गई। कार्यक्रम में शिक्षकगण, अभिभावक और छात्राओं की बड़ी संख्या मौजूद रही।

इस मौके पर मदरसा के संस्थापक एवं नाजिम हज़रत मौलाना निजामुद्दीन नदवी ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि संस्था का मूल उद्देश्य दीनि तालीम को बढ़ावा देना है, हालांकि आधुनिक शिक्षा से भी कोई परहेज नहीं है। उन्होंने छात्राओं को नसीहत करते हुए कहा कि सिर्फ औपचारिक शिक्षा पर्याप्त नहीं, बल्कि पूर्ण दक्षता, अच्छे संस्कार और बेहतरीन चरित्र के साथ आगे बढ़ना जरूरी है, ताकि लोग आपके व्यवहार और अखलाक से पहचानें कि आप एक दीनि एदारे की छात्रा हैं।

समारोह को संबोधित करते हुए मदरसा कुल्लियातुल बनात के मोहतमिम हज़रत मौलाना अब्दुल्लाह नदवी ने लड़कियों की शिक्षा की अहमियत पर जोर देते हुए कहा कि एक शिक्षित लड़की सिर्फ अपने परिवार ही नहीं बल्कि पूरे समाज की तरक्की और सुधार का जरिया बनती है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा इंसान की जिंदगी में जागरूकता, आत्मविश्वास और बेहतर भविष्य की राह खोलती है। दीनि तालीम के साथ आधुनिक शिक्षा भी वक्त की अहम जरूरत है, इसलिए मदरसे में दोनों शिक्षा प्रणाली को साथ लेकर चला जा रहा है।

मौलाना अब्दुल्लाह नदवी ने बताया कि इस मदरसे की स्थापना वर्ष 1999 में मात्र 30 छात्राओं के साथ हुई थी, जबकि आज यहां एक हजार से अधिक बच्चियां शिक्षा प्राप्त कर रही हैं। संस्थान में छात्राओं के रहने, खाने, आवास और शिक्षा की बेहतरीन व्यवस्था उपलब्ध है। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि इस वर्ष मैट्रिक परीक्षा में मदरसे की 46 छात्राएं शामिल हुईं, जिनमें 36 छात्राओं ने प्रथम श्रेणी जबकि बाकी छात्राओं ने द्वितीय श्रेणी से सफलता प्राप्त की। उन्होंने कहा कि यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि मदरसे में दी जा रही शिक्षा गुणवत्तापूर्ण और प्रभावशाली है।

समारोह के दौरान सफल छात्राओं को सम्मान पत्र प्रदान किया गया और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए दुआएं की गईं। कार्यक्रम में छात्राओं और अभिभावकों ने भी खुशी का इजहार किया।

कार्यक्रम को सफल बनाने में मौलाना खुर्शीद नदवी, मौलाना रफीक नदवी, मौलाना एजाज नदवी, मौलाना तारिक नदवी, मौलाना मुबीन नदवी, मास्टर ज़फर इकबाल, मास्टर अतहर, मौलाना आफताब, शादाब फलाही, मौलाना मुशर्रफ मजाहिरी, मौलाना मुईन नदवी और तारिक अंसारी समेत अन्य जिम्मेदार लोगों ने अहम भूमिका निभाई। वहीं शिक्षिकाओं में सलमा साहिबा, जिन्हें “बेस्ट टीचर अवॉर्ड” से सम्मानित किया गया, उनके अलावा नूरी तबस्सुम साहिबा, नसीमा खातून, हिना शेख, साबिरा खातून, गुलफिशां खातून और ताहिरा खातून सहित संस्थान की सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं ने कार्यक्रम को सफल बनाने में उल्लेखनीय योगदान दिया।









