“आज़म ख़ान और अब्दुल्लाह आज़म को न्याय मिलना भारतीय लोकतंत्र की परीक्षा”: अरशद खान


समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं जौनपुर सदर के पूर्व विधायक ने भारत की महामहिम राष्ट्रपति को एक मार्मिक संवैधानिक पत्र भेजकर वरिष्ठ समाजवादी नेता तथा की रिहाई, निष्पक्ष न्याय एवं संवैधानिक संरक्षण की मांग की है।
अपने बयान में मोहम्मद अरशद खान ने कहा कि भारत का लोकतंत्र केवल चुनावों से नहीं, बल्कि न्याय, संवैधानिक मर्यादा और राजनीतिक निष्पक्षता से मजबूत होता है। उन्होंने कहा कि मोहम्मद आज़म ख़ान साहब उत्तर प्रदेश की राजनीति का एक ऐतिहासिक नाम हैं, जिन्हें दस बार विधायक चुने जाने का गौरव प्राप्त है। वे दो बार सांसद, चार बार मंत्री तथा नेता प्रतिपक्ष जैसे महत्वपूर्ण संवैधानिक पदों पर रह चुके हैं। उनका लगभग पाँच दशकों का सार्वजनिक जीवन लोकतांत्रिक संघर्ष, सामाजिक न्याय, धार्मिक सौहार्द और सर्वधर्म समभाव का प्रतीक रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2019 तक आज़म ख़ान साहब के विरुद्ध कोई गंभीर आपराधिक इतिहास नहीं था, किंतु लोकसभा चुनाव जीतने के बाद उनके तथा उनके परिवार पर बड़ी संख्या में मुकदमे दर्ज किए गए, जिसने लोकतंत्र की निष्पक्षता और न्यायिक प्रक्रिया को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े किए हैं।
मोहम्मद अरशद खान ने कहा:
“आज यह केवल दो व्यक्तियों की स्वतंत्रता का प्रश्न नहीं रह गया है, बल्कि यह भारतीय लोकतंत्र, संविधान और न्याय व्यवस्था की आत्मा से जुड़ा हुआ विषय बन चुका है। यदि लोकतांत्रिक व्यवस्था में राजनीतिक मतभेदों के कारण प्रताड़ना का वातावरण बनेगा, तो यह संविधान की मूल भावना के लिए चिंताजनक संकेत होगा।”
उन्होंने भारत सरकार और संवैधानिक संस्थाओं से अपील करते हुए कहा कि न्याय में विलंब लोकतंत्र को कमजोर करता है तथा निष्पक्ष हस्तक्षेप समय की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी कहा कि इतिहास हर संवैधानिक निर्णय को दर्ज करता है और न्याय के पक्ष में उठाया गया प्रत्येक कदम लोकतांत्रिक परंपरा को मजबूत करता है।
प्रेस विज्ञप्ति में यह भी घोषित किया गया कि दिनांक 17 मई 2026 को प्रातः 10 बजे पर लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण धरना आयोजित किया जाएगा, जिसमें देशभर से लोकतंत्र, संविधान और सामाजिक न्याय में विश्वास रखने वाले लोग सम्मिलित होंगे। धरना प्रदर्शन के उपरांत एक दस सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल महामहिम राष्ट्रपति से भेंट कर पूरे प्रकरण से अवगत कराने का प्रयास करेगा।
मोहम्मद अरशद खान ने महामहिम राष्ट्रपति से अनुरोध किया कि लोकतंत्र और न्याय की रक्षा हेतु प्रतिनिधिमंडल को मिलने का समय प्रदान किया जाए तथा मामले में संवैधानिक हस्तक्षेप कर न्याय सुनिश्चित किया जाए।
जारीकर्ता: मोहम्मद अरशद खान
राष्ट्रीय सचिव, समाजवादी पार्टी
पूर्व विधायक, जौनपुर सदर, उत्तर प्रदेश








