“राजनीतिक रोटियां सेंकना बंद करें मरांडी जी, जनता के मुद्दों पर ईमानदार सहयोग करें” – आलोक कुमार दूबे


“आपदा में अवसर की राजनीति नहीं चलेगी” – कांग्रेस का बाबूलाल मरांडी पर पलटवार
“स्वास्थ्य व्यवस्था पर राजनीति नहीं, समाधान पर बात हो” – आलोक दुबे
“झारखंड की पीड़ा पर सस्ती बयानबाजी शर्मनाक” – कांग्रेस महासचिव
“जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं मरांडी” – जेपीसीसी का बयान
रांची। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी के हालिया बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कहा है कि “राजनीतिक स्वार्थ के लिए राज्य की संवेदनशील घटनाओं को भुनाना दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है।”
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य व्यवस्था जैसे गंभीर विषय पर राजनीति करने के बजाय सभी दलों को मिलकर समाधान निकालने की दिशा में काम करना चाहिए। दुबे ने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। एम्बुलेंस सेवा, अस्पतालों के उन्नयन और दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्तर पर योजनाएं लागू की गई हैं।
आलोक दुबे ने कहा कि भाजपा नेताओं को यह नहीं भूलना चाहिए कि लंबे समय तक केंद्र और राज्य में उनकी सरकार रही है। अगर आज भी कहीं आधारभूत संरचना में कमी है, तो उसकी जड़ें भी पिछली नीतियों में खोजी जानी चाहिए। “सिर्फ आरोप लगाकर अपनी राजनीतिक जमीन तलाशना जनता के साथ न्याय नहीं है,” उन्होंने कहा।
उन्होंने यह भी कहा कि नेमरा गांव की घटना को राजनीतिक रंग देना उचित नहीं है। सरकार हर पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है और संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए जा चुके हैं। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और व्यवस्था में सुधार दोनों समानांतर रूप से किए जा रहे हैं।
दुबे ने मरांडी से आग्रह किया कि वे जनता के बीच भय और भ्रम का वातावरण बनाने के बजाय सकारात्मक सुझाव दें। “झारखंड की जनता समझदार है और विकास के मुद्दों पर राजनीति करने वालों को पहचानती है,” उन्होंने कहा।
अंत में उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी राज्य के अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में निरंतर प्रयास जारी रहेंगे।








