राष्ट्रीय अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थान आयोग भारत सरकार के कार्यकारी अध्यक्ष प्रो शाहिद अख्तर एवं झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के संयुक्त तत्वाधान में समीक्षा बैठक.


शैक्षणिक संस्थाओं को अल्पसंख्यक संस्थान का प्रमाण पत्र निर्गत करे राज्य सरकार: शाहिद अख्तर

⚫सरकार के मुख्य सचिव से मुलाकात कर समीक्षा बैठक में लिए गए निर्णय से अवगत कराया.
संवाददाता
रांची: राष्ट्रीय अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थान आयोग भारत सरकार के कार्यकारी अध्यक्ष प्रो शाहिद अख्तर एवं झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के संयुक्त तत्वाधान में प्रोजेक्ट भवन स्थित कैबिनेट सभागार में शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक में अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्लाह खान, त्रय उपाध्यक्ष शमशेर आलम, ज्योति सिंह माथारू, प्राणेश साॅलोमन, कल्याण विभाग के सचिव कृपानंद झा, प्राथमिक शिक्षा निदेशक शशि प्रकाश सिंह, माध्यमिक शिक्षा निदेशक राजेश प्रसाद एवं उच्च शिक्षा निदेशक रामनिवास यादव सहित अन्य पदाधिकारी शामिल हुए. प्रोफेसर शाहिद अख्तर ने अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थाओं को अल्पसंख्यक संस्थान का प्रमाण पत्र निर्गत करने हेतु अभी तक किसी प्रकार की नियमावली नहीं बनने पर नाराजगी व्यक्त की एवं सुझाव दिया कि जल्द से जल्द राज्य सरकार इसके लिए कदम उठाए। प्राथमिक शिक्षा निदेशक द्वारा जानकारी दी गई की शिक्षा विभाग द्वारा कैबिनेट से स्वीकृति हेतु एक ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है। कैबिनेट से स्वीकृति उपरांत प्रमाण पत्र निर्गत करने की कार्रवाई की जाएगी। प्रोफेसर शाहिद अख्तर ने जानकारी दी कि केरल, तमिलनाडु, बिहार एवं पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा इस दिशा में कारगर प्रयास किया गया है। शिक्षा विभाग इन राज्यों से संपर्क कर सहयोग ले सकता है। अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्लाह खान ने उर्दू, बांग्ला एवं उड़िया शिक्षकों की बहाली, नए मदरसों का रजिस्ट्रेशन के संबंध में शिक्षा विभाग के अधिकारियों से जानकारी चाही। प्राथमिक शिक्षा निदेशक द्वारा जानकारी दी गई कि जल्द ही सहायक आचार्य के रूप में 7232 उर्दू शिक्षकों की बहाली की जाएगी।

आयोग के उपाध्यक्ष शमशेर आलम द्वारा शिक्षा विभाग के अधिकारी से अलीम एवं फाजिल की डिग्री झारखंड एकेडमी काउंसिल द्वारा प्रदान किए जाने पर आपत्ति दर्ज की गई एवं बताया गया कि दूसरे राज्यों में झारखंड राज्य से अलीम एवं फाजिल की डिग्री लेने वालों को मान्यता नहीं दी जाती है। इसके लिए जरूरी है कि यहां भी विश्वविद्यालय स्तर से डिग्री का प्रमाण पत्र दिलाने हेतु व्यवस्था की जाए। शिक्षा विभाग के पदाधिकारी द्वारा जानकारी दी गई कि इस संबंध में कार्रवाई हेतु उच्च पदाधिकारी को अवगत कराया जाएगा।
आयोग के उपाध्यक्ष ज्योति सिंह माथारू ने शिक्षा विभाग के अधिकारी से अल्पसंख्यक विद्यालयों को अल्पसंख्यक प्रमाण पत्र देने हेतु विभाग द्वारा बरती जा जारी शिथिलता पर नाराजगी व्यक्ति की। इन्होंने कहा कि जब विद्यालय खोलने हेतु राज्य सरकार द्वारा एनओसी प्रदान की जाती है तो उन्हें अल्पसंख्यक प्रमाण पत्र देने में क्या कठिनाई है।
आयोग के उपाध्यक्ष प्राणेश साॅलोमन ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से भी०सी० पोर्टल का मामला उठाया एवं अल्पसंख्यक विद्यालयों में नामांकन पूर्व की भांति करने का सुझाव दिया ताकि ज्यादा से ज्यादा अल्पसंख्यक छात्र छात्राएं लाभान्वित हो सके।
बैठक के उपरांत सबों ने झारखंड सरकार के मुख्य सचिव से मुलाकात कर बैठक में उठाए गए तमाम बिंदुओं पर विचार विमर्श किया जिस पर मुख्य सचिव द्वारा जल्द ही कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।
तदोपरांत राष्ट्रीय अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थान आयोग, भारत सरकार के कार्यकारी अध्यक्ष प्रो० शाहिद अख्तर के झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग कार्यालय आने पर उनका स्वागत किया गया।
